बलरामपुर के कुसमी विकासखंड अंतर्गत बालापानी गांव से बुनियादी सुविधाओं की कमी से परेशान ग्रामीणों का वीडियो इन दिनों इंटरनेट मीडिया पर तेजी से प्रसारित हो रहा है। सड़क सुविधा के अभाव में गंभीर रूप से बीमार एक महिला को चार ग्रामीणों ने खाट पर बैठाकर कई किलोमीटर पैदल मुख्य सड़क तक पहुंचाया...
बलरामपुर। जिले के कुसमी विकासखंड अंतर्गत बालापानी गांव से बुनियादी सुविधाओं की कमी से परेशान ग्रामीणों का वीडियो इन दिनों इंटरनेट मीडिया पर तेजी से प्रसारित हो रहा है। सड़क सुविधा के अभाव में गंभीर रूप से बीमार एक महिला को चार ग्रामीणों ने खाट पर बैठाकर कई किलोमीटर पैदल मुख्य सड़क तक पहुंचाया, जहां से 108 एंबुलेंस के माध्यम से उसे अस्पताल ले जाया गया। प्रशासन का दावा है कि गांव तक सड़क है लेकिन चढ़ाई के कारण एंबुलेंस नहीं पहुंच पाई होगी।
समय पर इलाज के लिए ग्रामीणों ने खाट का लिया सहारा
जानकारी के अनुसार बालापानी गांव निवासी महिला के पूरे शरीर में सूजन थी और उसकी तबीयत लगातार बिगड़ती जा रही थी। समय पर उपचार न मिलने की आशंका के चलते स्वजन और ग्रामीणों ने तत्काल उसे अस्पताल पहुंचाने का निर्णय लिया। हालांकि गांव तक पक्की सड़क नहीं होने के कारण एंबुलेंस सेवा वहां तक नहीं पहुंच सकी। ऐसे में ग्रामीणों ने मानवता का परिचय देते हुए महिला को खाट पर बैठाकर दुर्गम रास्तों से पैदल लक्ष्मणपुर तक पहुंचाया, जहां मुख्य सड़क पर एंबुलेंस उपलब्ध हो सकी।
मूलभूत सुविधाओं के अभाव में जी रहे ग्रामीण
घटना का वीडियो इंटरनेट मीडिया प्लेटफॉर्म पर तेजी से प्रसारित हो रहा है, जिसमें ग्रामीणों को खाट पर मरीज को लेकर पहाड़ी और कठिन रास्तों से गुजरते देखा जा सकता है। वीडियो सामने आने के बाद ग्रामीण क्षेत्रों में बुनियादी सुविधाओं की कमी को लेकर लोगों में चर्चा और नाराजगी भी देखी जा रही है। ग्रामीणों ने बताया कि बालापानी गांव में सड़क, स्वास्थ्य और परिवहन जैसी मूलभूत सुविधाओं का अभाव लंबे समय से बना हुआ है। बरसात के दिनों में कच्चे रास्ते कीचड़ में तब्दील हो जाते हैं, जिससे आपातकालीन सेवाएं भी गांव तक नहीं पहुंच पातीं।
सड़क निर्माण की मांग और प्रशासन का आश्वासन
ग्रामीणों का कहना है कि सड़क निर्माण की मांग कई बार प्रशासन से की गई, लेकिन अब तक ठोस पहल नहीं हो सकी। घटना ने एक बार फिर दूरस्थ अंचलों में सड़क और स्वास्थ्य सेवाओं की जमीनी हकीकत को उजागर कर दिया है। जनपद पंचायत कुसमी के सीईओ अभिषेक पांडेय ने बताया कि गांव तक पहुंचने के लिए कच्चा मार्ग मौजूद है, जिससे ट्रैक्टर और अन्य चारपहिया वाहन आ-जा सकते हैं। हालांकि घाटी और चढ़ाई वाले दुर्गम रास्ते के कारण एंबुलेंस वहां तक नहीं पहुंच पाई। उन्होंने बताया कि बालापानी गांव के लिए सड़क निर्माण का प्रस्ताव शासन को भेजा जा चुका है और स्वीकृति मिलने के बाद निर्माण कार्य शुरू किया जाएगा।