न्यूज़ रूम डेस्क | बलौदाबाजार छत्तीसगढ़ के बलौदाबाजार जिले के कसडोल क्षेत्र से सामने आई एक सनसनीखेज घटना ने पूरे प्रदेश को हैरान कर दिया है। महानदी किनारे बसे पुराने खर्वे गांव में पिछले चार महीनों के दौरान हुई आठ संदिग्ध मौतों ने ग्रामीणों के बीच दहशत का माहौल पैदा कर दिया है। इन मौतों के पीछे कथित तौर पर रहस्यमयी खजाने की तलाश और नरबलि जैसी साजिश की आशंका जताई जा रही है।
ग्रामीणों के संदेह के केंद्र में गांव का एक किराना दुकानदार रामसाय जायसवाल है, जिस पर शराब में सुहागा (बोरेक्स) मिलाकर लोगों को पिलाने का आरोप लगाया जा रहा है। हालांकि, पुलिस ने अभी तक इन आरोपों की आधिकारिक पुष्टि नहीं की है और मामले की जांच जारी है।
ग्रामीणों के मुताबिक, जिन लोगों की मौत हुई, उनमें से अधिकांश ने शराब का सेवन किया था और कई मामलों में शराब पीने के कुछ ही मिनटों के भीतर उनकी तबीयत बिगड़ गई। बताया जा रहा है कि 14 मई को कार्तिक प्रजापति नामक युवक को भी कथित रूप से ऐसी ही शराब दी गई थी। कार्तिक का दावा है कि शराब पीने के बाद उसे उल्टियां शुरू हो गईं, सिर चकराने लगा और वह बेहोश हो गया। अस्पताल में कई घंटे इलाज के बाद उसकी जान बच सकी।
घटना के बाद पुलिस ने जांच तेज कर दी है। अब तक सात शवों को कब्र से निकालकर पोस्टमार्टम और फॉरेंसिक जांच के लिए भेजा गया है। अधिकारियों का कहना है कि मौतों की वास्तविक वजह रिपोर्ट आने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी।
चिकित्सकों के अनुसार, सुहागा (बोरेक्स) का अत्यधिक सेवन स्वास्थ्य के लिए बेहद खतरनाक हो सकता है। यह उल्टी, बेहोशी, किडनी को नुकसान और गंभीर मामलों में मौत का कारण भी बन सकता है।
इस बीच, कुछ ग्रामीणों ने दुकानदार पर अन्य गंभीर आरोप भी लगाए हैं। ग्रामीण उमेश नवरंगे का दावा है कि उससे एक दफन शव को हटाने और गांव में नुकसान पहुंचाने जैसे कार्यों के बदले पैसे देने की बात कही गई थी। पुलिस इन आरोपों की भी जांच कर रही है।
ग्रामीणों के अनुसार, पहली संदिग्ध मौत 6 फरवरी को बद्री पटेल की हुई थी। इसके बाद अलग-अलग तारीखों में बुठालू साहू, बुधराम, छत्तूराम साहू, विनोद साहू, गजानंद मांझी, चैतूराम साहू और महेतरू की मौत हुई। लगातार हो रही इन मौतों ने पूरे गांव को भय और अनिश्चितता के माहौल में धकेल दिया है।
फिलहाल, पुलिस ग्रामीणों के बयान दर्ज कर रही है और फॉरेंसिक रिपोर्ट का इंतजार किया जा रहा है। जांच पूरी होने के बाद ही यह स्पष्ट हो पाएगा कि इन मौतों के पीछे जहरीली शराब, कोई साजिश या फिर कोई अन्य कारण जिम्मेदार है।