श्रावण मास के दूसरे दिन से प्रारंभ शिव महापुराण कथा में शिव पार्वती विवाह का प्रसंग पंडित पवन कुमार त्रिपाठी ने सुनाई। कल की कथा में पंडित पवन कुमार त्रिपाठी शिव पार्वती विवाह के मंगल आयोजन के बारे में श्रोताओं को बताया था। गौरीशंकर मंदिर से निकली शिव जी की बारात का तामस्कर परिवार ने अपने स्वागत किया।
शिव भक्तों का जत्था पुतरी शाला होते हुए गद्दी चौक पहुंची। यहां बारातियों का स्वागत पुष्प वर्षा एवं फलाहार स्वल्पाहार वितरण कर किया गया। हंडी चौक होते हुए बाराती गौशाला चौक स्थित धर्मशाला पहुंचे। जहां घरातियों ने बड़े ही भक्ति भाव के साथ शिव जी की बारात का स्वागत किया। बाजे गाजे, पटाखे आनंद गीत ने पूरे परिवेश को शिव की भक्ति में लीन कर दिया। वहीं नगरवासियों ने यथा साधन बारातियों का स्वागत सत्कार किया।
