दो ही वे-ब्रिज बनाने जगह मिली, योजना अटकी
सड़कों पर भारी वाहनों को रोकने और उसके ओवरलोडिंग को नापने राज्य शासन जिले के चार स्थानों में वे-ब्रिज बनाने पिछले दो साल से जगह की तलाश कर रहा है। दो स्थानों के लिए तो जगह मिल गई है, लेकिन दो स्थानों पर वे ब्रिज के लिए अभी भी जगह की तलाश जारी है। इसके कारण क्षमता से अधिक ओवरलोडिंग वाहन सड़कों पर दौड़ रहे हैं, जिससे हादसे के साथ सड़क भी खराब हो रही है।
दरअसल, ओवरलोड गाड़ियों को परिवहन विभाग द्वारा वे-ब्रिज से नापने की योजना थी। ऐसी गाड़ियां, जो ओवरलोड मिलती हैं तो सीधे ऑनलाइन ई-चालान काटने का प्रावधान है। परिवहन विभाग पूरे प्रदेश में इस तरह के वे ब्रिज लगवा रहा है। कुछ जिलों में यह शुरू भी हो चुका है, लेकिन रायगढ़ जिले में अब तक इसे बनाने जगह की तलाश ही पूरी नहीं हो सकी है। पिछले साल नेशनल और स्टेट हाइवे में चार जगह चिह्नांकित की गई थी। राज्य की टीम निरीक्षण भी कर चुकी है।
दो स्थानों का हो चुका भूमि आवंटन
वे ब्रिज बनाने जिले के चार स्थानों का चयन किया गया है। इसमें कुडूमकेला, रेंगालपाली, उर्दना व हमीरपुर मार्ग शामिल है। दो जगह की भूमि चिह्नांकित कर जमीन का आवंटन हो चुका है। अन्य दो स्थानों का चिह्नांकित किया गया है। मुख्यालय के निर्देश के बाद ही आगे की कार्रवाई होगी।
